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  • जय श्री चित्रगुप्त
  • |
  • January 23, 2026

देवी सरस्वती का बीज मंत्र


सरस्वतीं च तां नौमि वागधिष्ठातृदेवताम् । या वीणावरदण्डमण्डित करा या श्वेत पद्मासना । सा मां पातु सरस्वती भगवती निःशेषजाड्यापहा।। सरस्वति नमस्तुभ्यं वरदे कामरूपिणि ।



'ॐ ऐं नमः' मुख्य रूप से देवी सरस्वती का बीज मंत्र (Beej Mantra) है, जो ज्ञान, बुद्धि, कला, संगीत और वाणी की देवी हैं; इस मंत्र के जाप से एकाग्रता, स्मरण शक्ति, रचनात्मकता बढ़ती है और वाणी में स्पष्टता आती है, खासकर छात्रों और कला क्षेत्र से जुड़े लोगों के लिए यह बहुत लाभकारी है।



मंत्र का अर्थ और महत्व:



 (Om): परम चेतना का प्रतीक।



ऐं (Aim): देवी सरस्वती का बीज मंत्र, जो ज्ञान और वाणी को नियंत्रित करता है।



नमः (Namah): प्रणाम या नमन करना, देवी के प्रति सम्मान प्रकट करना।



पूरे मंत्र का अर्थ: "मैं ज्ञान और बुद्धि की देवी सरस्वती को नमन करता हूँ।


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Written by: Ritu Verma
Community Volunteer

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